धन्यवाद

*** *** नवगछिया समाचार अब अपने विस्तारित स्वरूप "नव-बिहार समाचार" के रूप मे प्रसारित हो रहा है, आपके लगातार सहयोग से ही पाठकों की संख्या लगातार बढ़ते हुए 10 लाख को पार कर चुकी है,इसके लिए आपका धन्यवाद। *** नव-बिहार समाचार के इस चैनल में अपने संस्थान का विज्ञापन, शुभकामना संदेश इत्यादि के लिये संपर्क करें राजेश कानोडिया 9934070980 *** ***

सोमवार, 4 सितंबर 2017

बिहार में चलती है घास स्पेशल ट्रेन?


नव-बिहार न्यूज नेटवर्क (NNN)। कई स्पेशल ट्रेनों का नाम तो आपने जरूर सुना होगा और सफर भी किया होगा, लेकिन इन सबसे अलग एक ट्रेन
समस्तीपुर से सहरसा जाती है। इसका नाम स्थानीय लोग घास स्पेशल ट्रेन रखा है। इस ट्रेन पर दूर-दूर से लोग घास काटकर लाते हैं। जिससे ट्रेन में बैठने वाले यात्रियों को काफी परेशानी होती है। जिसकी चिंता किसी को इसलिये नहीं होती कि घास लाने लेजाने वाले भी काफी परेशानी में होते हैं।
– बाढ़ के कारण बिहार सुपौल, समस्तीपुर,खगड़िया के लोग परेशान रहते हैं।
-निचले इलाके में बाढ़ का पानी घुस जाता है। जिससे कारण मवेशी रखने वालों लोगों के लिए चारा की सबसे से अधिक परेशानी होने लगती है।
– जिससे के कारण लोग ट्रेन से घास लाने के लिए दूसरे जगह जाते हैं। फिर वहां से घास काटकर ट्रेन के अंदर,गेट और खिड़की पर लटकाकर लाते हैं।
– ट्रेन में घास लाने के कारण ट्रेन में सफर करने वाले लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
– बाढ़ पीड़ितों की परेशानी को देखते हुए रेलवे की और से रोका नहीं जाता है।
– पशुपालक दिनेश कुमार ने कहा कि यदि सरकार कोई व्यवस्था करती तो हमलोगों को इतनी परेशानी उठानी नहीं पड़ती।
– पशुपालकों की संख्या अधिक और ट्रेनों की संख्या कम होने के कारण पशुपालक ट्रेन के खिड़की और गेट पर घास रख देते हैं जिसके कारण ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों को परेशानी होती हैं।
बाढ़ से परेशान हैं लोग
– खगड़िया स्टेशन मास्टर प्रवीण कुमार ने कहा कि बाढ़ के समय कोशी क्षेत्र के पशुपालकों को काफी परेशानी होती है।
– पशुचारा लाने के लिए ट्रेन का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन यात्रियों को कोई परेशानी नहीं हो इसको लेकर आरपीएफ को भी दिशा निर्देश दिया गया है।
– धमारा, बदलाघाट के साथ साथ सहरसा के सीमावर्ती क्षेत्र के पशुपालकों को आने जाने के लिए ट्रेन ही एक आवागमन का साधन है जिसके कारण पशुपालक ट्रेन के सहारे ही पशुचारा लाने को विवश है।

कोई टिप्पणी नहीं:

CURRENT NEWS

ताजा समाचार प्राप्त करने के लिये अपना ई मेल पता यहाँ नीचे दर्ज करें

संबन्धित समाचार

आभारनवगछिया समाचार आपका आभारी है। आपने इस साइट पर आकर अपना बहुमूल्य समय दिया। आपसे उम्मीद भी है कि जल्द ही पुनः इस साइट पर आपका आगमन होगा।

Translatore

आभार

नवगछिया समाचार में आपका स्वागत है| नवगछिया समाचार के लिए मील का पत्थर साबित हुआ 24 नवम्बर 2013 का दिन। यह वही दिन है जिस दिन नवगछिया अनुमंडल की स्थापना हुई थी 1972 में। यह वही दिन है जिस दिन आपके इस चहेते नवगछिया समाचार ई-पेपर के पाठकों की संख्या लगातार बढ़ कर दो लाख हो गयी। नवगछिया, भागलपुर के अलावा बिहार तथा भारत सहित 54 विभिन्न देशों में नवगछिया समाचार के लगातार बढ़ते पाठकों का बहुत बहुत आभार | जिनके असीम प्यार की बदौलत नवगछिया समाचार के लगातार बढ़ते पाठकों की संख्या 20 मई 2013 को एक लाख के पार हुई थी। जो 24 नवम्बर 2013 को दो लाख के पार हो गयी थी । अब छः लाख सत्तर हजार से भी ज्यादा है। मित्र तथा सहयोगियों अथवा साथियों को भी इस इन्टरनेट समाचार पत्र की जानकारी अवश्य दें | आप भी अपने क्षेत्र का समाचार मेल द्वारा naugachianews@gmail.com पर भेज सकते हैं।